उत्तराखण्डहल्द्वानी

लकड़ी लेनी गई महिला को कैसे बाघ ने बनाया अपना निवाला, वन विभाग ने कहीं ये बात…

रामनगर- उत्तराखंड में वन्यजीव के हमले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। यहां रामनगर कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के ढेला रेंज के जंगल में लकड़ी लेने गई महिला को बाघ ने अपना निवाला बना लिया। करीब 2 घंटे चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद वनकर्मियों ने महिला का शव बरामद किया। बता दें कि बीते शनिवार को बाघ द्वारा एक 60 वर्षीय व्यक्ति को अपना निवाला बना लिया गया था।

जानकारी के अनुसार ग्राम सांवल्दे पश्चिमी निवासी दुर्गा देवी (50) पत्नी स्व. दान सिंह सुपयाल को रविवार शाम चार बजे कुछ अन्य महिलाओं के साथ जंगल से लकड़ी लेने गई थी। महिलाएं कसेरूआ नाले से अंदर जंगल में लकड़ी बीन रही थीं।

तभी अचानक बाघ ने घात लगाकर महिला पर हमला कर जंगल में खींच कर ले गया। जिसके बाद अन्य महिलाओं ने घटना की जानकारी वन विभाग को दी। मौके पर वन विभाग की टीम ने सर्च ऑपरेशन चलाकर महिला के शव को बरामद किया।

घटना की सूचना पर सरकारी अस्पताल पहुंचे ग्रामीणों ने मौके पर मौजूद ढेला रेंजर अजय ध्यानी का घेराव कर दिया। ग्रामीणों की रेंजर से बहस हो गई। रेंजर बार-बार ग्रामीणों को जंगल में नहीं जाने की सलाह दे रहे थे। ग्रामीणों का कहना है कि वे मजबूरी में जंगल जा रहे हैं। हिंसक वन्यजीव फसलों को नष्ट कर मवेशियों को भी अपना निवाला बना रहे हैं। चूल्हा जलाने की व्यवस्था के लिए जंगल जाना पड़ता है।

महिलाओं के अनुसार जब वे सड़क से दो सौ मीटर की दूरी पर थीं, तभी घात लगाए बाघ ने दुर्गा पर हमला कर दिया। बाघ उसे जंगल के अंदर घसीटकर ले गया। महिलाओं की सूचना पर वन विभाग की टीम महिला को तलाशने जंगल में गई। हवाई फायर करते हुए सड़क से चार किमी अंदर महिला का शव बरामद हुआ। महिला के सिर का कुछ हिस्सा बाघ खा चुका था। कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के उपनिदेशक दिगांथ नायक ने बताया कि ग्रामीणों को जंगल में लकड़ी बीनने नहीं जाने को कहा जाता है लेकिन वे नहीं मान रहे हैं।

What’s your Reaction?
+1
0
+1
0
+1
0
+1
0
+1
0
+1
0
ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad